Ranjeet Bhartiya 30/08/2019

सीतापुर, भारत के उत्तर प्रदेश राज्य में स्थित एक जिला है. उत्तर प्रदेश के उत्तरी भाग में स्थित यह जिला लखनऊ प्रमंडल के अंतर्गत आता है. यह जिला पौराणिक और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि के लिए प्रसिद्ध है. सीतापुर, पांच धाम यात्रा में शामिल 5 पवित्र तीर्थ स्थलों में से एक है. हिंदू मान्यताओं के अनुसार, ऋषि वेदव्यास ने नैमिषारण्य नाम के प्राचीन स्थान पर वेदों की रचना की थी. नैमिषारण्य सीतापुर जिले के मिश्रिख में गोमती नदी के बाएं किनारे पर स्थित एक पवित्र धार्मिक स्थल है. नैमिषारण्य के नजदीक स्थित मिश्रिख का धार्मिक महत्व है. ऐसी मान्यता है कि महर्षि दधीचि ने इसी स्थान पर वज्र बनाने के लिए अपनी अस्थियों को देवताओं को दान में दे दिया था. जिले में कितने ब्लॉक है? कितनी जनसंख्या है?आईये जानते हैं सीतापुर जिले की पूरी जानकारी.

नामकरण

जिले के नामकरण के बारे में आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं है. ऐसी मान्यता है कि तीर्थ यात्रा के दौरान माता सीता भगवान राम के साथ इस स्थान पर ठहरी थीं. बाद में राजा विक्रमादित्य ने माता सीता की याद में इस शहर की स्थापना की तथा इस स्थान का नाम सीतापुर रखा.

सीतापुर जिले की भौगोलिक स्थिति

बाउंड्री (चौहद्दी)

सीतापुर 5 जिलों से घिरा हुआ है.
उत्तर में-लखीमपुर खीरी जिला
दक्षिण में-लखनऊ जिला और बाराबंकी जिला
पूरब में-बहराइच जिला
पश्चिम में-हरदोई जिला

समुद्र तल से ऊंचाई

सीतापुर जिले का ढलान उत्तर-पश्चिम से दक्षिण-पूर्व दिशा में है. यह जिला समुद्र तल से लगभग 100-150 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है. सीतापुर शहर समुद्र तल से लगभग 138 मीटर की औसत ऊंचाई पर स्थित है.

क्षेत्रफल

सीतापुर जिला मैप
सीतापुर जिला मैप

इस जिले का भौगोलिक क्षेत्रफल 5743 वर्ग किलोमीटर है.

प्रमुख नदियां:

यह शहर सरायन नदी के तट पर स्थित है. जिले की प्रमुख नदियां है: गोमती, चौका, घाघरा और शारदा.

अर्थव्यवस्था-कृषि, उद्योग और उत्पाद

इस जिले की अर्थव्यवस्था कृषि, पशुपालन, मछली पालन, वन, खनिज, उद्योग और व्यवसाय पर आधारित है.

कृषि

जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फसल हैं: धान, मक्का, गेहूं, ज्वार, बाजरा, दलहन (मसूर, चना, मूंग उरद, अरहर और मटर), तिलहन (मूंगफली, सरसों, राई और तिल), गन्ना, हल्दी आलू, और सब्जियां. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फल हैं: आम, अमरूद, नींबू, कटहल, पपीता और केला.

पशुपालन

ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन जिले के लोगों के लिए आय का एक महत्वपूर्ण जरिया है. जिले के प्रमुख पशु धन हैं: गाय, बैल, भैंस, सूअर, भेड़, बकरी और पोल्ट्री.

मछली पालन

जिले के नदियों, नहरों, तालाबों, टैंको और जलाशयों से विभिन्न प्रकार के मछली का उत्पादन किया जाता है. जिले में पाई जाने वाली प्रमुख मछलियां हैं: रोहू, नैन, कतला, करोंच, पाटन, झींगा और शिलांग.

वन

जिले में पाए जाने वाले प्रमुख वन उत्पाद हैं: बबूल, ढाक, नीम, शीशम, आम, गूलर, बरगद, जामुन यूकेलिप्टस.

खनिज

सीतापुर जिला खनिज से समृद्ध नहीं है. जिले में पाए जाने वाले प्रमुख खनिज हैं: कंकर, रेह, ब्रिक क्ले और पत्थर.

उद्योग

जिले में बड़े उद्योग का अभाव है. जिले में कृषि आधारित औद्योगिक इकाइयां कार्यरत हैं. सीतापुर जिला कॉटन और ऊनी दरियों के निर्माण के लिए प्रसिद्ध है. जिले में स्थित प्रमुख उद्योग हैं: चीनी मिल, राइस मिल, तेल मिल, दाल मिल और पेपर उद्योग.

व्यवसाय

जिले से निर्यात किए जाने वाले प्रमुख पदार्थ हैं:  गेहूं, धान,अरहर, चना, मक्का, ज्वार, तेल,जौ, जूट, चीनी, गुड़, प्लाईवुड, कालीन और पीतल के बर्तन.

प्रशासनिक सेटअप

प्रमंडल: लखनऊ

प्रशासनिक सहूलियत के लिए सीतापुर जिले को 7 तहसीलों (अनुमंडल) और 15 विकासखंडो (प्रखंड/ ब्लॉक) में बांटा गया है.

तहसील (अनुमंडल):
जिले को कुल 7 तहसीलों में बांटा गया है:
लहरपुर, सीतापुर, मिश्रिख, सिधौली, महमूदाबाद और बिसवां

विकासखंड (प्रखंड):
जिले को जिले को 19 विकासखंडों (प्रखंडों) में बांटा गया है-पिसावां, महोली, एलिया, हरगांव, लहरपुर, बेहटा, सकरन, पेसेंदी, मिश्रिख, खैराबाद, बिसवां, रेउसा, रामपुर मथुरा, महमूदाबाद, पहला, कसमंडा, मछरेहटा, गोंदलामाऊ और सिधौली.

पुलिस थानों की संख्या: 27
नगर पालिका परिषदों की संख्या: 5
नगर पंचायतों की संख्या: 6
ग्राम पंचायतों की संख्या: 1329
गांवों की संख्या: 2348

निर्वाचन क्षेत्र
लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र: 4
सीतापुर जिला 4 लोकसभा निर्वाचन क्षेत्रों का हिस्सा है: सीतापुर, मिश्रिख (पार्ट), धौराहरा (पार्ट) और मोहनलालगंज (पार्ट).

विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र: 9
महोली, सीतापुर, हरगांव, लहरपुर, बिसवां, सेवता, महमूदाबाद, सिधौली और मिश्रिख.

सीतापुर जिले की डेमोग्राफीक्स (जनसांख्यिकी)

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार, सीतापुर जिले की जनसांख्यिकी इस प्रकार है-
कुल जनसंख्या: 44.84 लाख
पुरुष: 23.75 लाख
महिला: 21.08 लाख

जनसंख्या वृद्धि (दशकीय): 23.88%
जनसंख्या घनत्व (प्रति वर्ग किलोमीटर): 781
उत्तर प्रदेश की जनसंख्या में अनुपात: 2.24%
लिंगानुपात (महिलाएं प्रति 1000 पुरुष): 888

औसत साक्षरता: 61.12%
पुरुष साक्षरता: 70.31%
महिला साक्षरता: 50.67%

शहरी और ग्रामीण जनसंख्या
शहरी जनसंख्या: 11.84%
ग्रामीण जनसंख्या: 88.16%

धार्मिक जनसंख्या

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार, सीतापुर एक हिंदू बहुसंख्यक जिला है. जिले में हिंदुओं की जनसंख्या 79.29% है, जबकि मुस्लिमों की आबादी 19.93% है. अन्य धर्मों की बात करें तो जिले में ईसाई 0.15%, सिख 0.26%, बौद्ध 0.06% और जैन 0.03% हैं.

भाषाएं

इस जिले में बोली जाने वाली प्रमुख भाषाएं हैं: हिंदी, अवधि और उर्दू.

सीतापुर जिले में आकर्षक स्थल

जिले में पौराणिक, धार्मिक, पुरातात्विक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण कई दर्शनीय स्थल हैं. जिले में स्थित प्रमुख दर्शनीय स्थलों के बारे में संक्षिप्त विवरण:

नैमिषारण्य

सीतापुर जिले में गोमती नदी के तट पर स्थित नैमिषारण्य का पौराणिक महत्व है. इस स्थान का उल्लेख पौराणिक कथाओं में मिलता है. यह हिंदुओं के सबसे प्रसिद्ध तीर्थ स्थलों में से एक है.

नैमिषारण्य के दर्शनीय स्थल

1. चक्रतीर्थ

गोमती नदी के बाएं तट पर स्थित चक्रतीर्थ के नाम से प्रसिद्ध यह गोलाकार सरोवर हिंदुओं के लिए एक पवित्र तीर्थ स्थल है.

2. व्यास गद्दी

महर्षि वेदव्यास ने इसी स्थान पर चार वेदों, छह शास्त्रों और 18 पुराणों की रचना की थी.

3. दधीचि कुंड, मिश्रिख

नैमिषारण्य से लगभग 10 किलोमीटर की दूरी पर स्थित इस धार्मिक स्थल के बारे में मान्यता है कि महर्षि दधीचि ने यहीं पर वज्र निर्माण के लिए अपनी अस्थियों को देवताओं को दान दे दिया था.

4. हनुमानगढ़ी

यह मंदिर चक्रतीर्थ के नजदीक स्थित है. इस प्रसिद्ध मंदिर के बारे में मान्यता है कि पाताल लोक में अहिरावण को पराजित करने के बाद हनुमान जी यही प्रकट हुए थे.

5. मां ललिता देवी मंदिर

यह प्रसिद्ध शक्तिपीठ सीतापुर जिला मुख्यालय से लगभग 35 किलोमीटर की दूरी पर नैमिषारण्य में स्थित है.

6. पांडव किला

गोमती नदी के तट पर स्थित इस किले के बारे में मान्यता है कि इस किले का संबंध महाभारत काल से है. कहां जाता है कि वनवास काल के दौरान पांडव राजा विराट के इस किले में रुके थे.

किला महमूदाबाद

लगभग 20 एकड़ क्षेत्र में फैले इस ऐतिहासिक किले का निर्माण महमूदाबाद इस्टेट के संस्थापक राजा महमूद खान ने 1677 में किया था.

पत्थर शिवाला मंदिर

भगवान शिव को समर्पित यह मंदिर सीतापुर जिला मुख्यालय से लगभग 32 किलोमीटर की दूरी पर बिसवां कस्बे में स्थित है

सीतापुर कैसे पहुंचे?

हवाई मार्ग
इस जिले का अपना हवाई अड्डा नहीं है. यहां के लिए डायरेक्ट हवाई सेवा उपलब्ध नहीं है.
निकटतम हवाई अड्डा: चौधरी चरण सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट, लखनऊ (Code: LKO). यह हवाई अड्डा सीतापुर से लगभग 107 किलोमीटर की दूरी पर लखनऊ में स्थित है.

रेल मार्ग
यह जिला रेल मार्ग से लखनऊ और देश के विभिन्न हिस्सों से जुड़ा हुआ है.निकटतम रेलवे स्टेशन: सीतापुर कैंट रेलवे स्टेशन (Code: SCC), सीतापुर सिटी रेलवे स्टेशन Code: SPC) और सीतापुर जंक्शन रेलवे स्टेशन (Code: STP).

सड़क मार्ग

यह जिला सड़क मार्ग से उत्तर प्रदेश और देश के प्रमुख शहरों से अच्छे से जुड़ा हुआ है. यहां के लिए नियमित बस सेवाएं उपलब्ध है. आप यहां अपने निजी वाहन कार या बाइक से भी आ सकते हैं.

सीतापुर जिले की रोचक बातें:

2011 के जनगणना के अनुसार,
1. जनसंख्या की दृष्टि से प्रदेश में 8वां स्थान है.
2. लिंगानुपात के मामले में उत्तर प्रदेश में 43वां स्थान है.
3. साक्षरता के मामले में उत्तर प्रदेश में 59वां स्थान है.
4. सबसे ज्यादा बसे गांव वाला तहसील: मिश्रिख (586).
5. सबसे कम बसे गांव वाला तहसील: सिधौली (315)
6. जिले में कुल निर्जन गांवों की संख्या: 31.

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