Ranjeet Bhartiya 13/08/2019
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Last Updated on 25/09/2019 by Sarvan Kumar

बस्ती भारत के उत्तर प्रदेश राज्य में स्थित एक जिला है. उत्तर प्रदेश के उत्तर-पूर्व भाग में आने वाला यह जिला बस्ती प्रमंडल के अंतर्गत आता है. इस प्रमंडल के अंतर्गत कुल 3 जिले आते हैं: बस्ती, संत कबीर नगर और सिद्धार्थ नगर. भगवान राम और माता सीता के प्राचीन मंदिरों में से एक रामरेखा मंदिर इस जिले में स्थित है.जिले में स्थित अगोना गांव को प्रख्यात हिंदी आलोचक और साहित्यकार आचार्य रामचंद्र शुक्ल के जन्म स्थली होने का गौरव प्राप्त है. जिले में कितने ब्लॉक हैं? कितनी जनसंख्या है?आईये जानते हैं बस्ती जिले की पूरी जानकारी

नामकरण

जिले के नाम की उत्पत्ति के बारे में मान्यता है कि प्राचीन काल में यहां ऋषि वशिष्ठ का आश्रम था. भगवान राम अपने छोटे भाई लक्ष्मण के साथ कुछ समय तक यहां रहे थे. प्राचीन काल में ऋषि वशिष्ठ के नाम पर इस स्थान को ‘वैशिष्ठी’ के नाम से जाना जाता था. कालांतर में इस स्थान का नाम “बस्ती” हो गया.

बस्ती जिले का गठन

बस्ती मूल रूप से एक गांव था. 1801 में इसे तहसील मुख्यालय बनाया गया. 1865 में इसे गोरखपुर प्रमंडल के अंतर्गत नवनिर्मित बस्ती जिले का मुख्यालय बनाया गया.

बस्ती जिले की भौगोलिक स्थिति

बाउंड्री (चौहद्दी)
यह जिला कुल 5 जिलों से घिरा हुआ है.
उत्तर में-गोंडा जिला और सिद्धार्थनगर जिला
दक्षिण में-अंबेडकर नगर जिला
पूरब में-संत कबीर नगर जिला
पश्चिम में-गोंडा जिला और अयोध्या जिला

समुद्र तल से ऊंचाई
बस्ती शहर समुद्र तल से लगभग 90-124 मीटर की औसत ऊंचाई पर स्थित है.

क्षेत्रफल
इस जिले का भौगोलिक क्षेत्रफल 2688 वर्ग किलोमीटर है.

प्रमुख नदियां:
बस्ती शहर घाघरा और आमी नदी के मध्य में स्थित है.
घाघरा नदी जिले के दक्षिणी छोर पर बहती है.
जिले की प्रमुख नदियां हैं: घाघरा, कुआनो, मनोरमा और आमी.

अर्थव्यवस्था-कृषि, उद्योग और उत्पाद

जिले की अर्थव्यवस्था कृषि, पशुपालन, मछली पालन, वन, खनिज, उद्योग और व्यवसाय पर आधारित है.

कृषि

इस जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फसल हैं: धान, मक्का, गेहूं, ज्वार, दलहन (अरहर, उड़द, मसूर, मूंग, चना और मटर), तिलहन (सरसों, तिल और राई), मूंगफली, गन्ना, आलू, प्याज और सब्जियां. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फल हैं: आम, अमरूद, कटहल, पपीता और केला.

पशुपालन

ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालन जिले के लोगों के लिए आय का एक महत्वपूर्ण जरिया है. जिले के प्रमुख पशु धन हैं: गाय, बैल, भैंस, सूअर, भेड़, बकरी और पोल्ट्री.

मछली पालन

जिले के नदियों, नहरों, तालाबों, टैंको और जलाशयों से प्रचुर मात्रा में विभिन्न प्रकार के मछली का उत्पादन किया जाता है.

वन

जिले में पाए जाने वाले प्रमुख वन उत्पाद हैं: सागौन, हलादु, साल, शीशम, बबूल, आम, महुआ, नीम, बांस और जामुन.

खनिज

यह जिला खनिज से समृद्ध नहीं है. जिले में पाए जाने वाले प्रमुख खनिज हैं: बालू और कंकर.

उद्योग

यहाँ  सूती कपड़े और चीनी उद्योग के लिए प्रसिद्ध है. जिले में बड़े पैमाने पर लघु उद्योग और कुटीर उद्योगों की इकाइयां कार्यरत हैं.  जिले के प्रमुख औद्योगिक उत्पाद हैं-टेक्सटाइल, चीनी, ब्रासवेयर, कृषि उपकरण, कृषि आधारित उत्पाद, फुटवेयर, साबुन, मोमबत्तियां और मिट्टी के बर्तन.

व्यवसाय

यह जिला कृषि उत्पादों, फुटवेयर और ब्रासवेयर का व्यापार केंद्र है.

प्रशासनिक सेटअप

प्रमंडल: बस्ती
प्रशासनिक सहूलियत के लिए इस जिले को 4 तहसीलों (अनुमंडल) और 14 विकासखंडो (प्रखंड/ ब्लॉक) में बांटा गया है.

तहसील (अनुमंडल):
 जिले को कुल 4 तहसीलों में बांटा गया है:
हर्रैया, बस्ती, भानपुर और रुधौली.

विकासखंड (प्रखंड):
इस जिले को 14 विकासखंडों (प्रखंडों) में बांटा गया है-परशुरामपुर, विक्रमजोत, दुबौलिया, हर्रैया, गौर, कप्तानगंज, बस्ती, बहादुरपुर, कुदरहा, बनकटी, सौ घाट, सल्टौआ गोपालगंज, रुधौली और रामनगर.

पुलिस थानों की संख्या: 17
नगर पालिकाओं की संख्या: 5
ग्राम पंचायतों की संख्या: 1247
गांवों की संख्या: 3348

निर्वाचन क्षेत्र
लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र: 1, बस्ती

विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र: 5
बस्ती जिले के अंतर्गत कुल 5 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र आते हैं: हर्रैया, कप्तानगंज, रुधौली, बस्ती सदर और महादेवा.

बस्ती जिले की डेमोग्राफीक्स (जनसांख्यिकी)

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार, इस जिले की जनसांख्यिकी इस प्रकार है-
कुल जनसंख्या: 24.64 लाख
पुरुष: 12.55 लाख
महिला: 12.09 लाख

जनसंख्या वृद्धि (दशकीय): 18.21%
जनसंख्या घनत्व (प्रति वर्ग किलोमीटर): 917
उत्तर प्रदेश की जनसंख्या में अनुपात: 1.23%
लिंगानुपात (महिलाएं प्रति 1000 पुरुष): 963

औसत साक्षरता: 67.22%
पुरुष साक्षरता: 77.88%
महिला साक्षरता: 56.23%

शहरी और ग्रामीण जनसंख्या
शहरी जनसंख्या: 5.60%
ग्रामीण जनसंख्या: 94.40%

धार्मिक जनसंख्या

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार, यह एक हिंदू बहुसंख्यक जिला है. जिले में हिंदुओं की जनसंख्या 84.52% है, जबकि मुस्लिमों की आबादी 14.79% है. अन्य धर्मों की बात करें तो जिले में ईसाई 0.14%, सिख 0.04% और बौद्ध 0.40% हैं.

भाषाएं
बस्ती जिले में बोली जाने वाली प्रमुख भाषाएं हैं: हिंदी, अवधी, उर्दू और भोजपुरी.

बस्ती जिले में आकर्षक स्थल

इस  जिले में पौराणिक, धार्मिक, पुरातात्विक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण कई दर्शनीय स्थल हैं. जिले में स्थित प्रमुख दर्शनीय स्थलों के बारे में संक्षिप्त विवरण:

मखौड़ा धाम

बस्ती जिला मुख्यालय से लगभग 57 किलोमीटर पश्चिम में स्थित इस प्राचीन स्थल का पौराणिक महत्व है.कहा जाता है कि इस स्थान का संबंध रामायण काल से है. ऐसी मान्यता है कि भगवान राम के पिता राजा दशरथ ने इसी स्थान पर पुत्रकामेक्षी यज्ञ किया था

श्रृंगीनारी धाम मंदिर

आस्था का केंद्र यह प्राचीन मंदिर बस्ती जिले के परशुराम विकासखंड में स्थित है. ऐसी मान्यता है कि यह स्थान श्रृंगी ऋषि का तपस्थल था.

बाबा भदेश्वर नाथ मंदिर

भगवान शिव को समर्पित यह प्रसिद्ध मंदिर बस्ती जिला मुख्यालय से लगभग 6 किलोमीटर की दूरी पर कुआनो नदी के तट पर स्थित है. ऐसी मान्यता है कि इस मंदिर को दैत्य राज रावण ने स्थापित किया था.

कटेश्वर पार्क

यह सुंदर पार्क बस्ती जिले के गांधीनगर में स्थित है.

रामरेखा मंदिर

भगवान राम और माता सीता को समर्पित यह प्राचीन मंदिर बस्ती जिला मुख्यालय से लगभग 41 किलोमीटर की दूरी पर अमोढा में स्थित है. ऐसी मान्यता है कि विवाह के बाद जनकपुरी से अयोध्या लौटते समय भगवान श्री राम और माता सीता ने यहां पर विश्राम किया था.

छावनी बाजार

यह ऐतिहासिक स्थल बस्ती जिला मुख्यालय से लगभग 40 किलोमीटर की दूरी पर अमोढा के पास स्थित है. 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में अंग्रेजों ने इस स्थान पर 250 क्रांतिकारियों को पीपल के पेड़ से फांसी पर लटका दिया था.

राष्ट्रीय वन चेतना केंद्र (संत रविदास वन विहार)

यह सुंदर वन विहार बस्ती जिला मुख्यालय से लगभग 1 किलोमीटर की दूरी पर कुआनो नदी के तट पर स्थित है. यह बस्ती जिले का एक लोकप्रिय पिकनिक स्पॉट है. आप यहां नौकायन का आनंद ले सकते हैं.

बस्ती कैसे पहुंचे?

हवाई मार्ग
बस्ती जिले का अपना हवाई अड्डा नहीं है. यहां के लिए डायरेक्ट हवाई सेवा उपलब्ध नहीं है.
निकटतम हवाई अड्डा: महायोगी गोरखनाथ एयरपोर्ट, गोरखपुर (Code: GOP). यह हवाई अड्डा बस्ती से लगभग 73 किलोमीटर की दूरी पर गोरखपुर में स्थित है. दूसरा नज़दीकी हवाई अड्डा: लाल बहादुर शास्त्री इंटरनेशनल एयरपोर्ट, वाराणसी (Code: VNS) यह हवाई अड्डा बस्ती से लगभग 183 किलोमीटर की दूरी पर वाराणसी में स्थित है.

रेल मार्ग

बस्ती रेल मार्ग से उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ तथा देश के विभिन्न भागों से अच्छे से जुड़ा हुआ है. निकटतम रेलवे स्टेशन: बस्ती रेलवे स्टेशन (Code: BST).

सड़क मार्ग

बस्ती सड़क मार्ग से उत्तर प्रदेश और देश के प्रमुख शहरों से अच्छे से जुड़ा हुआ है. यहां के लिए नियमित सरकारी और प्राइवेट बस सेवाएं उपलब्ध है. आप यहां अपने निजी वाहन कार या बाइक से भी आ सकते हैं. नेशनल हाईवे 28 (NH-28) बस्ती जिले से होकर गुजरती है.

बस्ती जिले की कुछ रोचक बातें:

2011 के जनगणना के अनुसार,
1. जनसंख्या की दृष्टि से उत्तर प्रदेश में 41वां स्थान है.
2. लिंगानुपात के मामले में उत्तर प्रदेश में 10वां स्थान है.
3. साक्षरता के मामले में उत्तर प्रदेश में 44वां स्थान है.
4. सबसे ज्यादा बसे गांव वाला तहसील: हर्रैया (1457).
5. सबसे कम बसे गांव वाला तहसील: रुधौली (257)
6. जिले में कुल निर्जन गांवों की संख्या: 188.

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