Ranjeet Bhartiya 08/08/2019

भदोही (संत रविदास नगर) भारत के उत्तरप्रदेश राज्य में स्थित एक जिला है. उत्तर प्रदेश के दक्षिण-पूर्वी भाग में स्थित यह जिला मिर्जापुर (विंध्याचल) प्रमंडल के अंतर्गत आता है. ज्ञानपुर शहर जिले का प्रशासनिक मुख्यालय है. दक्षिण एशिया में हाथ से कालीन बुनाई का सबसे बड़ा केंद्र होने के कारण भदोही “कालीन नगरी” (कारपेट सिटी) के रूप में प्रसिद्ध है. भदोही जिले में कितने ब्लॉक है? कितनी जनसंख्या है? आईये जानते हैं भदोही जिले की पूरी जानकारी

नामाकरण

1994 में जब जिले का गठन किया गया था तो इसका नाम भदोही रखा गया. सुश्री मायावती जब उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बनी तो उन्होंने संत रविदास के नाम पर जिले का नाम बदलकर संत रविदास नगर कर दिया. बाद में राज्य में समाजवादी पार्टी की सरकार आने पर जिले का नाम फिर से बदलकर भदोही कर दिया गया. 2014 से जिले का आधिकारिक नाम भदोही है. भदोही नाम के विषय में कहा जाता है कि पहले यहां “भार राज्य” का शासन था और भदोही भार राज्य की राजधानी थी. इसी से इस जगह का नाम भदोही पड़ा.

भदोही जिला कब बना

एक स्वतंत्र जिले के रूप में अस्तित्व में आने से पहले भदोही वाराणसी जिले का हिस्सा हुआ करता था. 30 जून,1994 को इसे वाराणसी जिले से अलग करके स्वतंत्र जिला बनाया गया.

भदोही जिले की भौगोलिक स्थिति

बाउंड्री (चौहद्दी)
ये जिला 4 जिलों से घिरा हुआ है.
उत्तर में-जौनपुर जिला
दक्षिण में-मिर्जापुर जिला
पूरब में-वाराणसी जिला
पश्चिम में-प्रयागराज (इलाहाबाद) जिला

समुद्र तल से ऊंचाई
भदोही जिला समुद्र तल से लगभग 85 मीटर (279 फीट) की औसत ऊंचाई पर स्थित है.

क्षेत्रफल
इस जिले का भौगोलिक क्षेत्रफल 1055 वर्ग किलोमीटर है.
क्षेत्रफल की दृष्टि से यह जिला उत्तर प्रदेश का सबसे छोटा जिला है.

प्रमुख नदियां: गंगा, वरुणा और मोरवा.

अर्थव्यवस्था-कृषि, उद्योग और उत्पाद

इस जिले की अर्थव्यवस्था कृषि, पशुपालन, मछली पालन, उद्योग और व्यापार पर आधारित है.

कृषि
इस जिले की अर्थव्यवस्था मुख्य रूप से कृषि पर आधारित है. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फसल हैं:  गेहूं, धान, ज्वार, बाजरा, चना, दाल, तिलहन और सब्जियां. जिले में उगाए जाने वाले प्रमुख फल हैं: आम, अमरूद और साइट्रस (नींबू).

पशुपालन
पशुपालन जिले के लोगों के लिए अतिरिक्त आय का जरिया है. जिले के प्रमुख पशु धन हैं: गाय, भैंस, सूअर, भेड़ और बकरी.

मछली पालन
मछली पालन जिले के लोगों के लिए आय का जरिया बन के उभर रहा है. जिले के नदियों और जलाशयों से मछली का उत्पादन किया जाता है.

उद्योग
इस जिला में हाथ से कालीन बनाने का कार्य होता है. यह भारत का सबसे बड़ा कालीन निर्माण केंद्र है.  जिले में भारी संख्या में छोटे और मझोले कालीन बनाने की औद्योगिक इकाइयां कार्यरत है.

व्यापार
ये  जिला से विभिन्न प्रकार के कारपेट का देश के विभिन्न हिस्सों तथा विदेशों में निर्यात किया जाता है.

भदोही जिला का प्रशासनिक सेटअप

प्रमंडल: मिर्जापुर (विंध्याचल)
प्रशासनिक सहूलियत के लिए इस जिले को 3 तहसीलों (अनुमंडल) और 6 विकासखंडो (प्रखंड/ ब्लॉक) में बांटा गया है.

तहसील (अनुमंडल):
इस जिले को कुल 3 तहसीलों में बांटा गया है:
भदोही ज्ञानपुर और औराई.

विकासखंड (प्रखंड):
जिले को कुल 6 विकासखंडों (प्रखंडों) में बांटा गया है- भदोही, सुरियावां, अभोली, ज्ञानपुर, डीघ, और औराई.

पुलिस थानों की संख्या: 9
शहरी निकायों की संख्या: 7

ग्राम पंचायतों की संख्या: 489
कुल गांवों की संख्या: 1217
लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र: 1, भदोही
विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र: 3
 जिले के अंतर्गत कुल 3 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र आते हैं- भदोही, औराई और ज्ञानपुर.

भदोही जिले की डेेेमोग्राफीक्स (जनसांख्यिकी)

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार इस जिले की जनसांख्यिकी इस प्रकार है-
कुल जनसंख्या: 15.78 लाख
पुरुष: 8.07 लाख
महिला: 7.71 लाख
जनसंख्या वृद्धि (दशकीय): 16.58%
जनसंख्या घनत्व (प्रति वर्ग किलोमीटर): 1555
उत्तर प्रदेश की जनसंख्या में अनुपात: 0.79%
लिंगानुपात (महिलाएं प्रति 1000 पुरुष): 955
औसत साक्षरता: 68.97%
पुरुष साक्षरता : 81.47%
महिला साक्षरता: 56.03%
शहरी और ग्रामीण जनसंख्या
शहरी जनसंख्या : 14.53%
ग्रामीण जनसंख्या: 85.47%

धार्मिक जनसंख्या

2011 के आधिकारिक जनगणना के अनुसार, ये एक हिंदू बहुसंख्यक जिला है. जिले में हिंदुओं की जनसंख्या 86.70% है, जबकि मुस्लिमों की आबादी 12.92% है.अन्य धर्मों की बात करें तो जिले में ईसाई 0.09%, सिख 0.01%, बौद्ध 0.10% और जैन 0.01% हैं.

भाषाएं

इस जिले में बोली जाने वाली प्रमुख भाषाएं हैं: हिंदी और उर्दू.

भदोही जिले मेंं आकर्षक स्थल

जिले में पौराणिक, धार्मिक, पुरातात्विक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण कई दर्शनीय स्थल हैं. जिले में स्थित प्रमुख दर्शनीय स्थलों के बारे में संक्षिप्त विवरण:

सीता समाहित स्थल (सीतामढ़ी मंदिर)

हिंदू धर्मावलंबियों के लिए पवित्र नगरी प्रयागराज और वाराणसी  के बीच स्थित यह मंदिर हिंदुओं के लिए एक पवित्र तीर्थस्थल है. ऐसी मान्यता है कि इसी स्थान पर माता सीता धरती में समा गईं थीं.यह मंदिर भदोही रेलवे स्टेशन से लगभग 40 किलोमीटर की दूरी पर,भदोही जिला मुख्यालय ज्ञानपुर से लगभग 30 किलोमीटर की दूरी पर और जंगीगंज बाजार से लगभग 11 किलोमीटर की दूरी पर गंगा किनारे स्थित है.

बाबा हरिहर नाथ मंदिर, ज्ञानपुर

भदोही जिला के ज्ञानपुर में स्थित इस मंदिर के बारे में मान्यता है कि इस मंदिर के शिवलिंग की स्थापना धर्मराज युधिष्ठिर ने अज्ञातवास के दौरान किया था.

भदोही कैसे पहुंचे?

हवाई मार्ग
भदोही जिले का अपना हवाई अड्डा नहीं है. यहां के लिए डायरेक्ट हवाई सेवा उपलब्ध नहीं है.
निकटतम हवाई अड्डा: लाल बहादुर शास्त्री एयरपोर्ट (Code: VNS).
यह हवाई अड्डा भदोही से से लगभग 40 किलोमीटर की दूरी पर वाराणसी के बाबतपुर में स्थित है.
दूसरा नजदीकी एयरपोर्ट: इलाहाबाद इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Code: IXD).
यह हवाई अड्डा  जिला मुख्यालय ज्ञानपुर से लगभग 82 किलोमीटर की दूरी पर इलाहाबाद के बमरौली में स्थित है.
रेल मार्ग
ये जिला, रेल मार्ग से उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ तथा देश के विभिन्न भागों से अच्छे से जुड़ा हुआ है.
निकटतम रेलवे स्टेशन: भदोही रेलवे स्टेशन (Code: BOY).
सड़क मार्ग
ये जिला , सड़क मार्ग से उत्तर प्रदेश और देश के प्रमुख शहरों से अच्छे से जुड़ा हुआ है. यहां के लिए नियमित बस सेवाएं उपलब्ध है. आप यहां अपने निजी वाहन कार या बाइक से भी आ सकते हैं.

भदोही जिले की कुछ रोचक बातें:

2011 के जनगणना के अनुसार,
1. जनसंख्या की दृष्टि से उत्तर प्रदेश में 62वां स्थान है.
2. लिंगानुपात के मामले में  उत्तर प्रदेश में 13वां स्थान है.
3. साक्षरता के मामले में  उत्तर प्रदेश में 35वां स्थान है.
4. सबसे ज्यादा बसे गांव वाला तहसील: ज्ञानपुर (385).
5. सबसे कम बसे गांव वाला तहसील: भदोही (320)
6. जिले में कुल निर्जन गांवों की संख्या: 130.

 

Leave a Reply