Last Updated on 27/12/2022 by Sarvan Kumar
कोई दिन ऐसा आता है जब वह बहुत खास बन जाता है.और हम बेसब्री से उस दिन का इंतजार करते हैं. 25 दिसम्बर एक ऐसा ही दिन हैं. विभिन्न धर्मों और मतों को मानने वाले लोग और समाज इस दिन का महत्व अलग- अलग दृष्टि से देखते हैं. आइए जानते हैं 25 दिसंबर को कौन सा दिवस मनाया जाता है, 25 December day in India Hindi.
25 दिसम्बर को ‘बड़ा दिन’ क्यों कहा जाता है?
ऐसे तो हर दिन कुछ ना कुछ खास होता है पर 25 दिसम्बर की बात अलग है. इतनी घटनाएं इस दिन हुई है कि शायद ही किसी दिन हुई हो. ईसाई धर्म काफी पुराना धर्म है, इसी दिन इसके संस्थापक ईसा मसीह का जन्म हुआ था. इसके उपलक्ष्य में ईसाई धर्म को मानने वाले क्रिसमस डे मनाते हैं. धीरे-धीरे यह उत्सव बड़ा होता गया। इसकी भव्यता को देखते हुए इस दिन को लोग ‘बड़ा दिन’ कहने लगे. पर बस यही एक कारण नहीं कि 25 दिसम्बर को ‘बड़ा दिन’ कहा जाता है, दूसरे कई ऐसे वजह हैं जिससे 25 दिसम्बर साल में एक महत्वपूर्ण दिन बन जाता है. पूरे आर्टिकल को पढ़ने के बाद आप भी यही कहेंगे अरे ये तो ‘बड़ा दिन’ है.
25 December day in India Hindi
हिन्दू , मुस्लिम, सिख, ईसाई सभी के लिए किसी ना किसी तरह से 25 दिसम्बर का महत्व है l. विज्ञान, खेल ,फिल्म, राजनीति सभी क्षेत्रों में इस दिन को कुछ ना कुछ बड़ा हुआ है.
ईसाइयों के लिए 25 दिसम्बर
Christmas Day (क्रिसमस डे) – वार्षिक ईसाई त्योहार ईसा मसीह के जन्म की याद में मनाया जाता है. ईसाई धर्म; में लगभग 2.4 अरब अनुयायी हैं, जो कि लगभग 7.2 अरब लोगों में से हैं. दुनिया के 43 देशों का कोई ना कोई आधिकारिक धर्म है. दुनिया की सबसे बड़ी आबादी ईसाई धर्म को मानती है.
हिन्दुओं के लिए 25 दिसम्बर
सनातन धर्म में तुलसी का विशेष महत्व है। इसके लिए सनातन धर्म के अनुयायियों के घर पर रोजाना सुबह-शाम तुलसी के पौधे की पूजा उपासना की जाती है। वहीं, 25 दिसंबर को तुलसी पूजन दिवस मनाया जाता है. इस दिन दान पुण्य करने से बड़ा लाभ मिलता है.
मुस्लिमों के लिए 25 दिसम्बर
अंग्रेज आए राज किए और चलते-चलते भारत को दो हिस्सों में बांट दिए. एक बना हिन्दुस्तान और दूसरा पाकिस्तान. जो आदमी इस विभाजन का कारण बना उसका नाम था मोहम्मद अली जिन्ना. मुहम्मद अली जिन्ना, भारतीय मुस्लिम नेता और राजनेता थे जिन्होंने मुसलमानों के लिए एक अलग राष्ट्र के लिए अभियान चलाया और बाद में उन्हें पाकिस्तान के संस्थापक पिता की उपाधि से नवाजा गया. पाकिस्तान के मुसलमानों के लिए यह ‘कायद-ए-आजम ‘दिवस है. यह दिवस हर साल 25 दिसंबर को मनाया जाता है।
सिखों के लिए 25 दिसम्बर
गुरू गोबिंद साहब ने अपनी मां, पत्नी और बच्चों समेत सभी की कुर्बानी दी थीशहीदी सप्ताह 22 दिसंबर से 29 दिसंबर तक मनाया जाता है. ये वो दिन थे जब गुरू गोबिंद साहब की मां, पत्नी और बच्चों ने धर्म और राष्ट्र के लिए शहीद हो गए.
जाट समाज के लिए 25 दिसम्बर
जाट या जट उत्तरी भारत और पाकिस्तान में पारंपरिक रूप से किसानों का एक जाति समुदाय हैं। य़ह एक बहादुर और योद्धा वर्ग है. महाराजा सूरजमल या सूजान सिंह की पुण्य तिथि इसी दिन मनाई जाती है .महाराजा सूरजमल राजस्थान के भरतपुर के जाट राजा थे. उनका शासन एक बड़े भूभाग पर था और भारत की राजधानी दिल्ली भी इसमें शामिल. 25 दिसंबर 1763 की रात को हिंडन नदी, शाहदरा, दिल्ली के पास रोहिल्ला सैनिकों द्वारा घात लगाकर किए गए हमले में सूरज मल की मौत हो गई थी।
[ हिण्डन नदी (Hindon River) उत्तरी भारत में यमुना नदी की एक सहायक नदी है]
पासी समाज के लिए 25 दिसम्बर
इस दिन महाराजा बिजली पासी की जयंती भी मनाई जाती हैं राजपासियों का राजकाल 945 ईस्वी से 1184 ईस्वी तक रहा. अंत में महाराजा का शासनकाल 1150 ईस्वी से 1184 ईस्वी तक बहुत ही अकल्पनीय रहा।
महापुरुषों का जन्म दिन – 25 दिसम्बर
1.अटल बिहारी वाजपेयी, भारतीय राजनेता, कवि और राष्ट्रवादी पार्टी बीजेपी के नेता, जिन्होंने 1996 में और 1998 से 2004 तक भारत के प्रधान मंत्री के रूप में कार्य किया. उनका जन्म 25 दिसम्बर 1924 को मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले में हुई थी.अटल बिहारी वाजपेयी भारत के तीन बार के प्रधानमंत्री थे। वे पहले 16 मई से 1 जून 1996 तक, तथा फिर 1998 मे और फिर19 मार्च 1999 से 22 मई 2004 तक भारत के प्रधानमंत्री रहे। वे हिंदी कवि, पत्रकार व एक प्रखर वक्ता थे। वे भारतीय जनसंघ के संस्थापकों में एक थे, और 1968 से 1973 तक उसके अध्यक्ष भी रहे। उनके बिना आज भारत बीजेपी इतना मजबूत कभी नहीं पाती.
2. मदन मोहन मालवीय, भारतीय विद्वान, शिक्षक और सुधारक, जिन्होंने भारत में राष्ट्रवादी आंदोलन का नेतृत्व किया, अखिल भारतीय हिंदू महासभा की स्थापना की और प्रतिष्ठित बनारस हिंदू विश्वविद्यालय की सह-स्थापना की। उनका जन्म 25 दिसम्बर 1861 उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद (आज के प्रयागराज ) जिले में हुआ था.
3. नवाज शरीफ, पाकिस्तानी व्यवसायी और राजनेता जिन्होंने तीन बार प्रधानमंत्री के रूप में कार्य किया. उनका जन्म 25 दिसम्बर 1949 को हुआ वे जल्द ही पाकिस्तान लौटने वाले हैं नवाज शरीफ पिछले तीन साल से लंदन में रह रहे हैं.
महापुरुषों का पुण्य तिथि – 25 दिसम्बर
1. चक्रवर्ती राजगोपालाचारी, भारतीय वकील, स्वतंत्रता कार्यकर्ता और राजनेता जो भारत में जन्मे पहले और भारत के अंतिम गवर्नर-जनरल बने- 10 अक्टूबर 1878 को जन्में राजगोपालाचारी की मृत्यु 25 दिसम्बर 1972 को हो गई थी.
2..चार्ली चैपलिन, ब्रिटिश अभिनेता, हास्य अभिनेता और फिल्म निर्माता की मृत्यु 25 दिसम्बर को ही हुई थी. चार्ल्स स्पेन्सर चैप्लिन का जन्म 16 अप्रैल 1889 को ईस्ट स्ट्रीट, वॉलवर्थ, लंदन, इंग्लैंड में हुआ था। चैप्लिन, मूक फिल्म युग के सबसे रचनात्मक और प्रभावशाली व्यक्तित्वों में से एक थे जिन्होंने अपनी फिल्मों में अभिनय, निर्देशन, पटकथा, निर्माण और अंततः संगीत दिया. 25 दिसम्बर 1977 को ये इस दुनिया को अलविदा कह गए.
25 दिसम्बर की अन्य प्रमुख घटनायें
1..1940 में, ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के दिग्गज डॉन ब्रैडमैन को विक्टोरिया के खिलाफ एक मैच में शून्य पर आउट कर दिया गया था।
3.1991 में, सोवियत नेता मिखाइल गोर्बाचेव ने औपचारिक रूप से सोवियत संघ के राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दे दिया, जो जल्द ही 15 अलग-अलग देशों में भंग हो गया।
4.1741 में, स्वीडिश खगोलशास्त्री एंडर्स सेल्सियस ने सेंटीग्रेड तापमान पैमाने की शुरुआत की।
5. 1656 में, डच खगोलशास्त्री और गणितज्ञ क्रिस्टियान ह्यूजेंस ने पहली पेंडुलम घड़ी बनाई।
