Ranjeet Bhartiya 30/11/2022
Jankaritoday.com अब Google News पर। अपनेे जाति के ताजा अपडेट के लिए Subscribe करेेेेेेेेेेेें।
 

Last Updated on 30/11/2022 by Sarvan Kumar

भारतीय समाज की सामाजिक संरचना में जातियों का विशेष महत्व है. भारत में हजारों जातियां निवास करती हैं जो विभिन्न मापदंडों पर एक दूसरे से भिन्न हैं. कुछ जातियां ऐसी भी होती हैं जिनमें काफी समानताएं होती हैं. उदाहरण के लिए त्यागी और भूमिहार. यहां हम इन दोनों जातियों की समानता का उल्लेख करते हुए, त्यागी और भूमिहार के बीच के अंतर को रेखांकित करने का प्रयास करेंगे.

त्यागी और भूमिहार के बीच के अंतर

कई विद्वानों, लेखकों और और ऐतिहासिक तथ्यों के आधार पर इस बात पर आम सहमति है कि त्यागी और भूमिहार अयाचक ब्राह्मणों की जमींदार जातियां हैं. भूमिहारों के इतिहास के आइने में देखेंगे तो पाएंगे कि त्यागी समाज भी इसी जाति से जुड़ा हुआ है. वहीं त्यागी लोगों का कहना है कि पंजाब के मोहिवाल और बिहार के भूमिहार भी त्यागी ही हैं. भगवान परशुराम में भूमिहार और त्यागी समाज की गहरी आस्था है. किंवदंतियों की मानें तो भगवान परशुराम ने क्षत्रियों को हराकर अधिग्रहीत भूमि ब्राह्मणों को दे दी थी. इन ब्राह्मणों ने पूजा-पाठ का काम छोड़कर खेती करना शुरू कर दिया और खुद को एक योद्धा जाति के रूप में विकसित किया. ऐसी मान्यता है कि त्यागी और भूमिहार की उत्पत्ति इसी जाति समूह से हुई है. अतीत में, इन दोनों जातियों के पास बड़े जमींदारी थे और दोनों जातियों के जमींदारों ने अपनी रियासतें भी बना ली थीं. जमींदारी प्रथा के उन्मूलन के बाद भी, इन दोनों समुदायों ने अपने-अपने क्षेत्रों में हर मामले में खुद को प्रभावशाली बनाए रखा है. उपरोक्त समानताओं के होते हुए भी भूमिहार और त्यागी में कुछ उल्लेखनीय अंतर हैं, जिनका वर्णन नीचे किया जा रहा है-

भगवान परशुराम भूमिहार- त्यागी समाज के आराध्य image : Wikimedia Common

त्यागी भूमिहार की उत्पत्ति

भूमिहार कान्यकुब्ज ब्राह्मणों की एक शाखा है. वही त्यागी को गौर ब्राह्मण की शाखा के रूप में जाना जाता है. त्यागी को गौड़ ब्राह्मणों की एक शाखा के रूप में बताया गया है.

त्यागी भूमिहार विवरण

भूमिहार मुख्य रूप से बिहार और उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में पाए जाते हैं. त्यागी मुख्य रूप से पश्चिमी उत्तर प्रदेश और इसके आसपास के इलाकों में पाए जाते हैं.

त्यागी भूमिहार उपनाम (Surname)

भूमिहारों में उपनाम का अपना इतिहास है. हालांकि त्यागी समाज के लोग अपने नाम के आगे त्यागी हीं लगाते हैं. भूमिहार समाज के लोग अपने उपनाम के रूप में सिंह, शर्मा, ठाकुर, राय, चौधरी, मिश्रा, तिवारी, सिन्हा, शुक्ला और शाही आदि का प्रयोग करते हैं.


References:

•Pratham sabal brahman bhagvan parshuram

By UMESH CHANDRA · 2021

•Vasant se patjhar tak

By Ravīndranātha Tyāgī, Indu Tyāgī, Aśoka Tyāgī · 2005

•Brahmins Who Refused to Beg BRIEF HISTORY OF BHUMIHARS, “AYACHAK” BRAHMINS OF EAST INDIA. Author Name: Anurag Sharma

•https://navbharattimes.indiatimes.com/state/uttar-pradesh/noida/who-is-tyagi-what-difference-between-tyagi-and-bhumihar-know-all-facts/amp_articleshow/93706207.cms

Advertisement
https://youtu.be/r_To7waRETg
Shopping With us and Get Heavy Discount Click Here
 
Disclaimer: Is content में दी गई जानकारी Internet sources, Digital News papers, Books और विभिन्न धर्म ग्रंथो के आधार पर ली गई है. Content  को अपने बुद्धी विवेक से समझे। jankaritoday.com, content में लिखी सत्यता को प्रमाणित नही करता। अगर आपको कोई आपत्ति है तो हमें लिखें , ताकि हम सुधार कर सके। हमारा Mail ID है jankaritoday@gmail.com. अगर आपको हमारा कंटेंट पसंद आता है तो कमेंट करें, लाइक करें और शेयर करें। धन्यवाद Read Legal Disclaimer 
 

Leave a Reply