Last Updated on 03/01/2023 by Sarvan Kumar
सैनी मुख्य रूप से उत्तर भारत में पाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण समुदाय है. इस समाज का इतिहास जितना प्राचीन है उतना ही गौरवशाली और महान है. देश के स्वतंत्रता आंदोलन में और आजादी के बाद देश के विकास में इस समाज का योगदान सराहनीय रहा है. इस समुदाय में कई प्रकार के विभाजन देखे जाते हैं. इसी क्रम में आइए जानते हैं कि सैनी कितने प्रकार के होते हैं?
सैनी कितने प्रकार के होते हैं?
सैनी समाज के लोग महाराजा शूरसेन के वंशज होने का दावा करते हैं. मान्यता के अनुसार महाराजा शूरसेन का जन्म महाभारत काल में हुआ था. शूरसेन एक पराक्रमी योद्धा थे जिन्होंने एक समय वर्तमान मथुरा नगरी पर शासन किया था. कालांतर में यह समाज भारत के विभिन्न भागों में फैल गया. वर्तमान में इस समुदाय की उपस्थिति जम्मू कश्मीर, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, मध्यप्रदेश और उत्तर प्रदेश आदि राज्यों में है. यह मूल रूप से समान है लेकिन भाषा, धर्म और गोत्र के आधार पर कई भिन्नताएं है. आइए सैनी के विभिन्न प्रकारों के बारे में विस्तार से जानते हैं.
धर्म के आधार पर सैनी के प्रकार
भारत में धर्म के आधार पर सैनी दो प्रकार के होते हैं- हिंदू सैनी और सिख सैनी. हालाँकि अधिकांश सैनी हिंदू धर्म का पालन करते हैं, लेकिन उनमें से कुछ सिख धर्म में परिवर्तित हो गए. ऐसा माना जाता है कि पंद्रहवीं शताब्दी में सिख धर्म के उदय के साथ, कई सैनी सिख धर्म में परिवर्तित हो गए. वर्तमान में सिख सैनी मुख्य रूप से पंजाब में पाए जाते हैं. यहां यह बताना जरूरी है कि इस समुदाय के कुछ लोग, जिनकी संख्या बहुत कम है, इस्लाम धर्म अपनाकर मुसलमान बन गए. मुस्लिम सैनी भारत में उत्तर प्रदेश, बिहार और राजस्थान में पाए जाते हैं. मुस्लिम सैनियों की एक छोटी आबादी पाकिस्तान में भी निवास करती है.
गोत्र के आधार पर सैनी के प्रकार
जातियों के भीतर, गोत्र के स्तर पर विभाजन पाए जाते हैं. सैनी समाज में सैकड़ों गोत्र पाए जाते हैं. अकेले राजस्थान में सैनी समाज के 50 से अधिक गोत्र हैं जैसे अग्रवाल, बालन, चौहान, दहिया, कटारिया, कछवा, परिहार, तोमर, टाक आदि.
References:
•Rajasthan, Part 2, 1998
•People of India: Haryana, p 437, Kumar Suresh Singh, Madan Lal Sharma, A. K. Bhatia, Anthropological Survey of India, Published by Published on behalf of Anthropological Survey of India by Manohar Publishers, 1994
•https://www.amarujala.com/haryana/kurukshetra/progrmmine-saini-samaj-cm-kurukshetra-news-knl23967421
