Last Updated on 01/08/2022 by Sarvan Kumar
पटेल गुजरात में व्यापक रूप से इस्तेमाल किया जाने वाला उपनाम (surname) है. आइए जानते हैं भारत में पटेल जाति की जनसंख्या के बारे में.
भारत में पटेल जाति की जनसंख्या
पटेल मुख्य रूप से गुजरात में बहुतायत प्रयोग किया जाने वाला उपनाम (surname) है. परंपरागत रूप से यह उपनाम मध्ययुगीन काल में सामाजिक स्थिति (Social Status) का प्रतीक था और गांव के सरदारों के लिए प्रयोग किया जाता था. विभिन्न जातियों के जमींदार इस उपनाम का प्रयोग करते आए हैं जिनमें प्रमुख हैं पाटीदार पटेल, कुर्मी और कोली, आदि. यहां हम मुख्य रूप से पटेल-पाटीदारों की बात कर रहे हैं. गुजरात में लगभग सभी क्षेत्रों में पटेलों का प्रभाव स्पष्ट रूप से दिखता है. पटेल-पाटीदार पारंपरिक रूप से एक कृषक समुदाय है. पटेल ज़मींदार रहे हैं, कृषि और संबद्ध गतिविधियों में शामिल रहे हैं. लेकिन वर्तमान परिस्थितियों में इन्हें केवल काश्तकारों का समुदाय कहना ठीक नहीं होगा. क्योंकि देश की आजादी के बाद व्यापार और उद्यमिता के क्षेत्र में इस समुदाय का उल्लेखनीय ट्रैक रिकॉर्ड है. फलस्वरूप, पटेल-पाटीदार सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक रूप एक ताकतवर समुदाय के रूप में उभरे हैं. भारत में पटेल की जनसंख्या के बारे में एक वास्तविक आंकड़ा प्राप्त करने के लिए आइए कुछ विश्लेषण करें.
गुजरात के अलावा अन्य राज्यों में भी पटेल निवास करते हैं, जैसे मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र. बिहार, उत्तर प्रदेश और झारखंड के कुर्मी अपने आप को पटेलों की तरह मानते हैं. अधिकांश अनुमानों में गुजरात में पटेल-पाटीदारों की आबादी 15% बताई जाती है. वहीं, उत्तर प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़ और झारखंड में पटेल-कुर्मी समुदाय की आबादी क्रमशः 9%, 4%, 20% और 16% बताई जाती है. वर्तमान (2022) में, गुजरात, उत्तर प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़ और झारखंड की अनुमानित आबादी क्रमशः 6.4 करोड़, 25 करोड़, 13 करोड़, 3 तीन करोड़ और 3.75 करोड़ है. इन आंकड़ों के आधार पर अगर हम गणना करें तो केवल उपरोक्त राज्यों में पटेलों की कुल आबादी 5.5 करोड़ तक हो सकती है. यहां महत्वपूर्ण बात यह है कि भारत के 22 से अधिक राज्यों में पटेलों की मौजूदगी है. जहां तक भारत में पटेलों की जनसंख्या का सवाल है तो इसके बारे में अलग-अलग दावे और अनुमान किए जाते हैं. पाटीदार नेता हार्दिक पटेल दावा करते हैं भारत में पटेलों की कुल आबादी 27 करोड़ है. हार्दिक पटेल का कहना है कि गुर्जर, कुर्मी, मराठा, रेड्डी, कप्पस, कुदमी और खांडयात भी पटेल थे. हार्दिक पटेल अपने भाषणों में आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पटेल समुदाय के सदस्यों के रूप में संदर्भित कर चुके हैं.
न्यूज़ वेबसाइट dnaindia.com के मुताबिक, गुजरात में, पाटीदारों को आमतौर पर पटेल के रूप में जाना जाता है, जबकि महाराष्ट्र में संबंधित कृषक समुदायों को पाटिल और चौहान के रूप में पहचाना जाता है. बिहार, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में, संबंधित समुदाय को कुर्मी के नाम से जाना जाता है. हरियाणा और कुछ अन्य राज्यों में कृषक समुदाय का सामान्य नाम चौधरी है. कर्नाटक में कृषक समुदाय को वोक्कालिगा और आंध्र प्रदेश में रेड्डी के नाम से जाना जाता है. समुदाय के नेताओं के अनुसार, 22 राज्यों में पाटीदार समुदाय हैं और उनकी आबादी देश की कुल आबादी का लगभग 18-20% है. वर्तमान में (2022) भारत की अनुमानित आबादी लगभग 140 करोड़ है. इस हिसाब से भारत में पटेलों की आबादी 25 से 28 करोड़ के बीच हो सकती है. बता दें कि भारत में जातीय आधार पर जनगणना अंतिम बार 1931 में की गई थी. इसीलिए भारत में पटेलों की जनसंख्या की वास्तविक जनसंख्या के के लिए हमें जातीय जनगणना की प्रतीक्षा करनी चाहिए.
References:
https://www.dnaindia.com/india/report-bride-hunting-takes-patidars-to-hindi-heartland-1682218
