Ranjeet Bhartiya 25/10/2022

भारतीय सेना में जाति, समुदाय और क्षेत्र के नाम पर कई रेजिमेंट और सैन्य इकाइयाँ हैं जैसे कि जाट, सिख, राजपूत, डोगरा, महार, जेएके राइफल्स , गोरखा, सिख लाइट इन्फैंट्री आदि. दलितों के तीन रेजीमेंटों- महार, चमार और मज़हबी-रामदसिया- ने द्वितीय विश्व युद्ध में हिस्सा लिया था. इसमें से महार रेजिमेंट सेना का हिस्सा बनी […]

Ranjeet Bhartiya 24/10/2022

दलित समुदाय भारत की आबादी का लगभग 17% है. भारत के अलावा नेपाल में भी इनकी आबादी है. भारत की बात करें तो दलितों में चमार जाति संख्या के मामले में सबसे प्रमुख है और इसलिए राजनीतिक रूप से सबसे शक्तिशाली है. परंपरागत रूप से चमड़े के काम में शामिल यह समुदाय भारत में व्यापक […]

Ranjeet Bhartiya 23/10/2022

सामाजिक स्तरीकरण मानव सभ्यता का अभिन्न अंग रहा है. ऐसे कई कारक हैं जिन पर सामाजिक स्तरीकरण किया जाता है और लोगों को विभिन्न श्रेणियों में वर्गीकृत किया जाता है. भारत में जाति व्यवस्था सबसे पुरानी जीवित सामाजिक स्तरीकरण प्रणाली है जिसके तहत लोगों को विभिन्न जातियों के रूप में वर्गीकृत किया जाता है और […]

Sarvan Kumar 22/10/2022

भारत में कई समुदाय और हजारों जातियां निवास करती हैं. विभिन्न जातियों के अपने-अपने पूज्य पुरुष होते हैं जिन्हें गुरु कहा जाता है. उदाहरण के लिए, वाल्मीकि समाज के लोग महर्षि वाल्मीकि को अपना गुरु मानते हैं जिन्होंने आदि धर्म ग्रंथ, संस्कृत महाकाव्य रामायण की रचना की थी. इसी तरह, गुरु जम्भेश्वर को बिश्नोई समाज […]

Ranjeet Bhartiya 21/10/2022

शब्दों की दुनिया बहुत ही रोचक और अनोखी है. शब्दों को ब्रह्मांड में सबसे शक्तिशाली चीज माना जाता है. इतिहास के रहस्य शब्दों में छिपे हैं. शब्द समय के साथ यात्रा करते हैं और कई परिवर्तनों से गुजरते हैं, लेकिन उनका महत्व बरकरार रहता है. शब्दों के वर्तमान रूप भी किसी न किसी तरह से […]

Ranjeet Bhartiya 20/10/2022

उत्तर प्रदेश जनसंख्या की दृष्टि से भारत का सबसे बड़ा राज्य है. लगभग 25 करोड़ की आबादी वाले इस राज्य में विभिन्न समुदायों और जातियों के लोग निवास करते हैं. राज्य में दलित समुदाय की भी बड़ी आबादी है. आइए इसी क्रम में जानते हैं कि यूपी में चमारों की आबादी कितनी है. यूपी में […]

Ranjeet Bhartiya 19/10/2022

चमार भारत में रहने वाली महत्वपूर्ण व्यावसायिक जातियों में से एक है. हालांकि वर्तमान में इस समुदाय के लोग पूरे भारत में पाए जाते हैं लेकिन उत्तरी भारत के राज्यों में इनकी अच्छी खासी आबादी है. चमार जाति समूह में कई जातियाँ / उपजातियाँ शामिल हैं. आइए जानते हैं चमार में कितनी जातियां हैं. चमार […]

Ranjeet Bhartiya 18/10/2022

भारतीय सेना में जाति और समुदायों के नाम पर बनी रेजीमेंट आज भी मौजूद हैं. उदाहरण के तौर पर राजपूत रेजीमेंट, डोगरा रेजीमेंट, सिख रेजीमेंट, जाट रेजीमेंट, मराठा लाइट इन्फ़ेन्ट्री, महार रेजिमेंट, गोरखा राइफल्स, आदि. आपको यह जानकार के हैरानी होगी कि अंग्रेजों के जमाने में ब्रिटिश इंडियन आर्मी में चमार रेजिमेंट (Chamar Regiment) नाम […]

Ranjeet Bhartiya 17/10/2022

भारत विविधताओं से भरा देश है. 140 करोड़ की आबादी वाले इस देश में अलग-अलग समुदायों के लोग रहते हैं, जो अलग-अलग धर्मों को मानते हैं. इनमें से कुछ समुदाय अधिक प्रभावशाली हैं जबकि कुछ स्वयं को प्रभावशाली बनाने का प्रयास कर रहे हैं. दलित समुदाय भारत में रहने वाला एक महत्वपूर्ण समुदाय है, जिसमें […]

Sarvan Kumar 16/10/2022

उत्तरप्रदेश के महोबे जिले में छतरपुर रोड पर स्थित नईगंवा रेबाई एक प्रतिष्ठित और धनवान  Princely state था जो Bundelkhand Agency के अंतर्गत एक यादव रियासत था. एक समय नईगंवा समस्त Bundelkhand Agency की राजधानी हुआ करती थी। इस राजघराने के वंशज मूलतः महाबली बलराम जी के वंशज माने जाते हैं।  बुंदेलखंड तथा चंबल संभाग […]

Ranjeet Bhartiya 15/10/2022

बुंदेलखंड भारत का एक अर्ध-शुष्क क्षेत्र है जिसमें उत्तर प्रदेश के सात जिले (झांसी, बांदा, ललितपुर, हमीरपुर, जालौन, महोबा और चित्रकूट शामिल) और मध्य प्रदेश के छह जिले (दतिया, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, दमोह और सागर) शामिल हैं। किसी ज़माने में बुंदेलों और चंदेल राजवंशों के शासन से पूर्व समस्त मालवा और बुंदेलखंड पर द्वारिकाधीश के […]

Sarvan Kumar 14/10/2022

चमार अनुसूचित जाति श्रेणी के अंतर्गत वर्गीकृत एक दलित समुदाय है. चमार जाति समूह में 150 से अधिक जातियों/उपजातियां शामिल हैं, जैसे कि आदिधर्मी, चमार, चामड़, जाटव, रैदासी, रविदासी, मोची, रैगर, आदि. इनके उपनामों में भी बड़ी विविधता देखी गई है. आइए जानते हैं चमार जाति के उपनाम के बारे में. चमार जाति के उपनाम पेशे, […]

Ranjeet Bhartiya 13/10/2022

चमार (Chamar) भारत की प्रमुख व्यावसायिक जातियों में से एक हैं. इन्हें विभिन्न क्षेत्रों में अलग-अलग नामों से जाना जाता है. परंपरागत रूप से यह चमड़े के काम (leather work) से जुड़े रहे हैं. हालांकि यह पूरे भारत में पाए जाते हैं, लेकिन उत्तर भारत में इनकी संख्या अधिक है. आइए जानते हैं भारत में […]

Sarvan Kumar 12/10/2022

1842- बुंदेलखंड- बुंदेला विद्रोह, ब्रिटिश सरकार के खिलाफ पहली बगावत सन् 1842 में जैतपुर में हुई थी। यहां के राजा पारीक्षत ने इसका नेतृत्व किया था। बुंदेला विद्रोह को दबाने में शाहगढ़ राजा बखत बली और बानपुर राजा मर्दन सिंह ने अंग्रेजों का साथ दिया था. बदले में अंग्रेजों ने आश्वासन दिया था बखत बली को […]

Sarvan Kumar 11/10/2022

बुन्देलखण्ड मध्य भारत का एक प्राचीन क्षेत्र है। इसका प्राचीन नाम जेजाकभुक्ति है। इसका विस्तार उत्तर प्रदेश तथा मध्य प्रदेश में है. मध्यप्रदेश से दतिया, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, दमोह और पन्ना जिला शामिल है। वहीं उत्तरप्रदेश से झांसी, बांदा, ललितपुर, हमीरपुर, जालौन, महोबा और चित्रकूट शामिल है. वीरों की धरती कहे जाने वाले बुंदेलखंड में […]